प्रेम का अर्थ क्या होता है

प्रेम का अर्थ क्या होता है

आपको जीवन में कौन
प्रेम का अर्थ क्या होता है
आजा एक ऐसा खबर है जो आप लोगों के जीवन में बहुत ही अच्छा साबित होने वाला है अगर आपने इस खबर को जानना चाहते हैं और इसको अपने जिंदगी में उतारना चाहते हैं तो आप इसे बढ़िया से पढ़े ताकि आप लोगों को समझ में आ सके कि आपको जीवन में कौन सा ऐसा प्रारूप है जो कि आप लोगों को करना चाहिए और कौन सा ऐसा चीज है जो कि आपके जीवन में नहीं करना चाहिए

 सबसे पहले हम लोग यह जानते हैं कि जीवन में कौन से ऐसे कारणों की वजह से हम लोगों को परेशानी होती है और हम लोग खुश नहीं रहते हैं

 उसका कारण एक है कि हम लोग प्रेम करते हैं प्रेम एक ऐसा शब्द है जिसको अगर कोई कर लेता है वह भी पछताता है जो नहीं करता है वह भी पछताता है उसका मन तो करता है प्रेम करने को लेकिन वह जब एक बार प्रेम में आ जाता है तब उसके जीवन में यह महसूस होता है कि उसे यह गलती नहीं करनी चाहिए थी क्योंकि यह ऐसी गलती होती है जो एक बार करने के बाद लोग अपने आप को भूल जाते हैं और वह कुछ भी करने के लिए तैयार होते हैं

आपको जीवन में कौन

 इसमें लोगों को कुछ दिखाई नहीं देता है वह उसके बारे में बस इतना ही सोचता है जितना कि वह उसको कहती है और ज्यादातर के लड़के बहुत ही शांत होते हैं और लड़कियां उनको अपने बस में कर ही रहती हैं क्योंकि उन लोगों से पैसा लेना चाहती है वह उनके बारे में सोचती है और कहती है कि अगर आप उनसे प्रेम करना चाहते हो तो उनके लिए आप शॉपिंग करो गिफ्ट चलाओ जैसे चीजों का यूज करो उनको बहुत अच्छा लगता है अगर उनसे कोई कहे कि आप ऐसा क्यों करते हो आप भी ऐसा करो लेकिन वह कहते हैं कि नहीं हम ऐसा नहीं करते हैं आप ही करो ऐसा


  •  प्रेम का मतलब यह नहीं होता है कि आप बस एक ही तरफ से करो प्रेम का मतलब होता है कि दोनों लोगों को साथ में करना चाहिए तभी प्रेम सफल होता है अन्यथा वह असफल हो जाता है
  •  प्रेम के बारे में हमें इतना अच्छे से तो नहीं पता लेकिन हम बस इतना जानते हैं
  •  कि जो भी व्यक्ति दिल से प्रेम करता है उसको कभी भी प्रेम नहीं मिलता है 


उसको धोखा ही मिलता है उसकी कहानी यह होती है कि वह उसको अपना सबकुछ मान बैठता है और वह अपने जीवन में उसके लिए कुछ भी करने के लिए तैयार रहता है यही रीजन है कि वह अपने प्रेम को इतने दूर तक ले कर चला जाता है

अपने जीवन में बहुत ही कठिनाई

 कि वह अगर नीचे आता है तो वह अपनी जिंदगी से हाथ धो बैठता है इसीलिए प्रेम में जो भी व्यक्ति आता है अपने जीवन को आसान नहीं बनाता है जबकि उसको अपने जीवन में बहुत ही कठिनाई और मजबूरी के साथ उसको साथ रहना पड़ता है अगर आप प्रेम करने की सोच रहे हैं तो ऐसा कदापि मत करिए क्योंकि प्रेम एक ही ऐसा चीज है कि आपकी दुख में हमेशा रहेंगे सुख कभी नहीं रहेंगे अगर एक दिन आप सुख रहते हैं तो 10 दिन आप दुखी रहेंगे प्रेम का यही अर्थ है प्रेम का कुछ ऐसे तो लोगों का कहना है कि प्रेम बहुत ही सरल है और वह सब के साथ किया जा सकता है लेकिन हमारा मानना यह है कि पृ्मिक ऐसी बंधन है जिसमें एक बार लोग मन तो जाते हैं लेकिन दोबारा नहीं आते हैं

 प्रेम कभी नहीं करना चाहिए 

 हां किसी से अगर प्रेम करना है तो करो लेकिन कुछ लिमिट तक मत कर दो उसको इतना मत कर दो कि उसको यह महसूस हो जाए कि आप उसके गुलाम हो अगर वह जिस दिन यह सोच लेती है कि वह से आपको वह अपना गुलाम बना कर ही रखेगी वह कोई भी ऐसा काम नहीं करेगी जो कि आपको अच्छा लगे वह वही काम करती अच्छा खाता और सरल नहीं होता है उसके जिंदगी में कांटे ही कांटे रहते हैं फूल बहुत कम होते हैं एक बार साईं दा यार कि हटाओ यार

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